रतनपुर की माटी से प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री तक श्याम बिहारी जायसवाल का सफर
जन्मदिन विशेष
50 वर्ष के हुए श्याम बिहारी जायसवाल; किसान परिवार से निकले, जनपद की राजनीति से शुरू हुआ सार्वजनिक जीवन का सफर
गांव में प्राथमिक शिक्षा, खड़गवां से आगे की पढ़ाई और चिरमिरी से एमएससी; 2009 में स्थानीय राजनीति में रखा कदम
एमसीबी। ग्राम रतनपुर का ग्रामीण परिवेश, किसान परिवार की पृष्ठभूमि और खेत-खलिहानों के बीच बीता बचपन। यहीं से शुरू होती है श्याम बिहारी जायसवाल के जीवन की कहानी। 1 अक्टूबर 1976 को जन्मे जायसवाल 1 अक्टूबर 2026 को 50 वर्ष पूरे कर रहे हैं। इन पांच दशकों में उनका सफर गांव की प्राथमिक शिक्षा से उच्च शिक्षा और स्थानीय निकाय की राजनीति से छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री पद तक पहुंचा है। उपलब्ध जीवन परिचय के अनुसार श्याम बिहारी जायसवाल का जन्म सामान्य किसान परिवार में स्व. सूरजदीन जायसवाल और श्रीमती चंद्रवती जायसवाल के यहां हुआ। प्रारंभिक शिक्षा रतनपुर में हुई। आगे की पढ़ाई के लिए वे खड़गवां और फिर उच्च शिक्षा के लिए चिरमिरी पहुंचे। उन्होंने दादू लाहिड़ी महाविद्यालय से रसायन शास्त्र में एमएससी की पढ़ाई की। ग्रामीण परिवेश और खेती-किसानी से उनका जुड़ाव उनके शुरुआती जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।
*खेत-खलिहान से निकला शिक्षा का रास्ता*
जायसवाल की जीवन यात्रा का शुरुआती दौर ग्रामीण परिवेश से जुड़ा रहा। उपलब्ध परिचय में उनके बचपन को खेती-किसानी और शिक्षा के बीच आगे बढ़ने वाले दौर के रूप में वर्णित किया गया है। पिता के साथ खेती से जुड़ाव के बीच उन्होंने प्राथमिक शिक्षा पूरी की और आगे की पढ़ाई के लिए गांव से बाहर निकले। रतनपुर से खड़गवां और फिर चिरमिरी तक पहुंची शिक्षा की यह यात्रा आगे चलकर उनके सार्वजनिक जीवन की पृष्ठभूमि बनी। चिरमिरी में उच्च शिक्षा के दौरान उन्होंने रसायन शास्त्र में स्नातकोत्तर शिक्षा पूरी की। उपलब्ध सामग्री में उन्हें इस दौरान गोल्ड मेडल मिलने का भी उल्लेख है।
*2009 में स्थानीय चुनाव से राजनीति की शुरुआत*
उनके राजनीतिक सफर की शुरुआत वर्ष 2009 से बताई गई है। इसी वर्ष उन्होंने जनपद सदस्य का चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। इसके बाद 2009 से 2013 तक जनपद पंचायत खड़गवां के उपाध्यक्ष रहे। यही दौर स्थानीय राजनीति से विधानसभा की राजनीति की ओर बढ़ने का आधार बना। वर्ष 2013 में वे मनेन्द्रगढ़ विधानसभा क्षेत्र से विधायक बने और 2018 तक विधानसभा में क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। इसके बाद 2023 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने उन्हें फिर मनेन्द्रगढ़ से प्रत्याशी बनाया। चुनाव आयोग के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक उन्होंने 48,503 मत प्राप्त किए और 11,880 मतों के अंतर से चुनाव जीता। दूसरी बार विधायक निर्वाचित होने के बाद उन्हें छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री बनाया गया। राज्य सरकार के जनसंपर्क विभाग के 2026 के आधिकारिक प्रकाशनों में उन्हें स्वास्थ्य मंत्री के रूप में दर्ज किया गया है।
*संगठन में भी निभाए अलग-अलग दायित्व*
चुनावी राजनीति के साथ जायसवाल भाजपा संगठन में भी सक्रिय रहे। उपलब्ध परिचय में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य और कोरबा जिला संगठन प्रभारी सहित विभिन्न दायित्वों का उल्लेख है। वर्ष 2020 से 2022 के बीच भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में जिम्मेदारी निभाने का भी उल्लेख किया गया है। स्रोत सामग्री के मुताबिक बिहार, असम और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के साथ मरवाही एवं खैरागढ़ उपचुनाव में भी उन्हें संगठनात्मक जिम्मेदारियां दी गईं। इन चुनावी जिम्मेदारियों का विस्तृत स्वतंत्र आधिकारिक सत्यापन उपलब्ध सामग्री में संलग्न नहीं है, इसलिए इन्हें उपलब्ध जीवन परिचय के विवरण के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
*चिरमिरी-मनेंद्रगढ़ की कनेक्टिविटी से स्वास्थ्य और शिक्षा तक*
उनके समर्थकों द्वारा तैयार उपलब्ध विवरण में वर्तमान कार्यकाल से जुड़ी कई परियोजनाओं को क्षेत्र के विकास से जोड़कर प्रस्तुत किया गया है। इनमें चिरमिरी की पेयजल व्यवस्था के लिए अमृत जल मिशन, चिरमिरी-साजा पहाड़ सड़क, चिरमिरी-नागपुर हाल्ट नई रेल लाइन और मनेंद्रगढ़ में शासकीय मेडिकल कॉलेज जैसी परियोजनाएं प्रमुख रूप से शामिल हैं। स्रोत सामग्री में इनके लिए क्रमश: 183 करोड़, 47 करोड़ से अधिक, रेल परियोजना की बढ़ी हुई लागत 601.90 करोड़ और मेडिकल कॉलेज के लिए 323 करोड़ जैसे आंकड़े दिए गए हैं। इसके अलावा कृषि महाविद्यालय खड़गवां, शासकीय पॉलिटेक्निक चिरमिरी, उद्यानिकी महाविद्यालय, नालंदा परिसर, शासकीय नर्सिंग कॉलेज, स्वास्थ्य अधोसंरचना और विभिन्न अस्पताल परियोजनाओं को भी उपलब्ध विवरण में क्षेत्र की प्रमुख परियोजनाओं के रूप में सूचीबद्ध किया गया है। इन परियोजनाओं की वर्तमान लागत, भौतिक प्रगति और पूर्णता की स्थिति प्रकाशन के समय संबंधित विभागों के नवीनतम अभिलेखों से अलग से सत्यापित की जानी चाहिए।
*स्वास्थ्य मंत्री के रूप में स्वास्थ्य सेवाओं पर फोकस*
दूसरे विधायक कार्यकाल में राज्य मंत्रिमंडल में शामिल होने के बाद स्वास्थ्य विभाग उनकी प्रमुख प्रशासनिक जिम्मेदारियों में आया। छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग के आधिकारिक प्रकाशनों में अस्पतालों के निरीक्षण, चिकित्सकों की नियुक्ति, स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण और मेडिकल कॉलेजों की व्यवस्थाओं से जुड़े उनके विभागीय कार्य दर्ज हैं। उनके क्षेत्र से उपलब्ध सामग्री में चिरमिरी और मनेन्द्रगढ़ में स्वास्थ्य अधोसंरचना विस्तार का भी उल्लेख है। इसमें अस्पताल भवन, ट्रामा सेंटर, जांच सुविधाएं, डायलिसिस यूनिट, विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति तथा अन्य चिकित्सा सुविधाओं से संबंधित कार्यों का विवरण दिया गया है।
*‘सेवा संकल्प’ के जरिए स्वास्थ्य सेवाओं को गांवों तक पहुंचाने की पहल*
उनसे जुड़ी हाल की पहलों में ‘सेवा संकल्प अभियान’ का भी उल्लेख प्रमुखता से किया गया है। उपलब्ध विवरण के अनुसार इसकी शुरुआत खड़गवां क्षेत्र से हुई और विभिन्न चरणों में नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविरों के माध्यम से जांच, दवा वितरण तथा गंभीर बीमारियों की पहचान जैसी गतिविधियां संचालित की गईं। स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी संभालते हुए जायसवाल सार्वजनिक कार्यक्रमों और क्षेत्रीय दौरों में स्वास्थ्य सेवाओं के साथ सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी लेने पर भी जोर देते रहे हैं। राज्य जनसंपर्क विभाग के आधिकारिक रिकॉर्ड में उनके अस्पताल निरीक्षण और स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा से जुड़े अनेक कार्यक्रम दर्ज हैं।
*किसान परिवार की पृष्ठभूमि आज भी पहचान का हिस्सा*
श्याम बिहारी जायसवाल की सार्वजनिक छवि में उनकी ग्रामीण और किसान पारिवारिक पृष्ठभूमि का उल्लेख लगातार मिलता है। उपलब्ध जीवन परिचय में बचपन से खेती-किसानी के काम को करीब से देखने और ग्रामीण जीवन से जुड़े रहने का विस्तृत वर्णन है। उनकी राजनीतिक यात्रा का कालक्रम भी स्थानीय निकाय से प्रदेश स्तर तक क्रमश: आगे बढ़ता दिखाई देता है-2009 में जनपद की राजनीति, 2013 में पहली बार विधानसभा, संगठन में विभिन्न जिम्मेदारियां, 2023 में दूसरी बार विधायक और इसके बाद राज्य मंत्रिमंडल में प्रवेश।
1 अक्टूबर 2026 को जीवन के 50 वर्ष पूरे करने के अवसर पर उनकी यह यात्रा रतनपुर के ग्रामीण परिवेश से शुरू होकर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़े मंत्री पद तक पहुंचने वाले सार्वजनिक जीवन का एक लंबा कालखंड समेटती है।
एक नजर में श्याम बिहारी जायसवाल
जन्म : 1 अक्टूबर 1976
जन्मस्थान : ग्राम पंचायत रतनपुर
पारिवारिक पृष्ठभूमि : किसान परिवार
प्रारंभिक शिक्षा : रतनपुर
आगे की शिक्षा : खड़गवां एवं चिरमिरी
उच्च शिक्षा : एमएससी, रसायन शास्त्र
राजनीतिक सफर की शुरुआत : 2009 में स्थानीय निकाय चुनाव
जनपद पंचायत खड़गवां : 2009-13 के दौरान उपाध्यक्ष
पहली बार विधायक : 2013, मनेन्द्रगढ़ विधानसभा
दूसरी बार विधायक : 2023, मनेन्द्रगढ़ विधानसभा
2023 चुनाव : 48,503 मत, जीत का अंतर 11,880 मत
संगठनात्मक भूमिका : उपलब्ध परिचय के अनुसार भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य, कोरबा जिला संगठन प्रभारी तथा पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, भाजपा किसान मोर्चा
वर्तमान प्रमुख भूमिका: छत्तीसगढ़ शासन में स्वास्थ्य मंत्री
खबर जागरण न्यूज (देश की आवाज)
