मां की भक्ति की अनूठी मिसाल: झगड़ाखांड की महिला मंडली पिछले 12 सालों से लगातार जला रही है भजन की अलख
एमसीबी,(छ.ग.)।नवरात्रि के पावन पर्व पर इन दिनों पूरा एमसीबी जिला माता रानी की भक्ति में सराबोर है। हर कोई अपने-अपने अनूठे अंदाज में जगत जननी मां दुर्गा की आराधना में लीन है। इसी बीच जिले के झगड़ाखांड क्षेत्र से एक बेहद प्रेरणादायक और खूबसूरत तस्वीर सामने आई है, जो भक्ति और समर्पण की मिसाल पेश कर रही है।
पिछले 12 सालों से अनवरत जारी है साधना
झगड़ाखांड की एक महिला मंडली पिछले 12 वर्षों से लगातार नवरात्रि के दिनों में मां के दरबार में हाजिरी लगा रही है। करीब 20 महिलाओं के इस समूह का मुख्य उद्देश्य संगीत और भजनों के माध्यम से माता के चरणों में अपनी सेवा समर्पित करना है।समय के साथ कई चीजें बदल जाती हैं, लेकिन इन महिलाओं का उत्साह और मां के प्रति निष्ठा आज भी वैसी ही है जैसी पहले दिन थी। बिना किसी रुकावट के यह मंडली एक दशक से अधिक समय से इस धार्मिक परंपरा को निभाती आ रही है।
अलग-अलग पंडालों और मंदिरों में गूंज रहे भजन
यह महिला मंडली नवरात्रि के इन नौ दिनों में केवल एक स्थान तक सीमित नहीं रहती, बल्कि झगड़ाखांड क्षेत्र के दुर्गा पंडालों और मंदिरों में जाकर मां के भजनों की प्रस्तुतियां देती है।जब ये महिलाएं ढोलक, मंजीरे की थाप और सुरों के साथ “मैया के दरबार” में भजन गाती हैं, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो जाता है। इनके द्वारा गाए जाने वाले पारंपरिक और देवी गीत पंडालों में मौजूद श्रद्धालुओं का मन मोह लेते हैं।
नारी शक्ति और समर्पण का प्रतीक
यह मंडली साबित करती है कि सच्ची श्रद्धा के लिए उम्र या किसी अन्य सीमा की कोई आवश्यकता नहीं होती, बल्कि जज्बा मायने रखता है। घर-परिवार की जिम्मेदारियों को संभालते हुए इन महिलाओं द्वारा निकाला जाने वाला समय और मां दुर्गा के प्रति उनका यह अटूट प्रेम आज पूरे झगड़ाखांड क्षेत्र और एमसीबी जिले के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है।इनकी यह निरंतर साधना आने वाली पीढ़ी को भी अपनी संस्कृति और धर्म से जुड़े रहने की प्रेरणा दे रही है।
खबर जागरण न्यूज (देश की आवाज)
